अधिकारी गणेश जोशी से संपर्क किया। उन्होंने महिला का फोटो भेजकर उसके परिवार का पता लगाने में सहयोग मांगा।
इसके बाद महिला का फोटो सोशल मीडिया एवं व्हाट्सएप ग्रुपों में प्रसारित किया गया। फोटो देखकर इंदौर के गौरी नगर में रहने वाले महिला के दो पुत्र धर्मेंद्र ओझा एवं अंकित ओझा धरमपुरी पहुंचे और उन्होंने अपनी मां की पहचान की। पुत्रों ने बताया कि उनकी मां करीब तीन वर्षों से घर से लापता थीं। उन्होंने मां को काफी तलाश किया था तथा संबंधित थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट भी दर्ज कराई थी। धरमपुरी पहुंचने पर गुड़ियाबाई ने शुरुआत में अपने बड़े पुत्र धर्मेंद्र को पहचान लिया। इसके बाद वीडियो कॉल के माध्यम से उन्होंने अपने अन्य परिजनों से भी बातचीत की। लंबे समय बाद परिवार से मिलकर गुड़ियाबाई बेहद खुश नजर आईं। इस पहल में विनोद चंदानी, विनोद जायसवाल और पुलिस के बिल्लू पैंतल, अजय चौहान, गोलू ठाकुर, अर्जुन माली, दिनेश अग्रवाल, मेहताब सिंह कच्छावा, मदन प्रजापत, पलकेश जायसवाल, ऋतिक योगी का भी योगदान रहा।
यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 4 अक्टूबर 2026 के अंक में पृष्ठ 10 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें






