स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आचार्य श्री 108 सुनीलसागर म.सा. और संघ के साथ जैन समाजजनों की बड़ी मौजदगी में रामाशाह मंदिर से राजवाड़ा तक तिरंगा यात्रा निकाली गई। राजवाड़ा पर ध्वजारोहण, राष्ट्रगान एवं मंगलाचरण के साथ कार्यक्रम शुरू हुआ। आचार्य को जिनवाणी भेंट की गई। आचार्यश्री ने राजबाडा पर राष्ट्र के नाम संदेश में राष्ट्रप्रेम, राष्ट्रधर्म और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया। आचार्य श्री ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस के इस पावन अवसर पर प्रकृति भी मानो हर्षित है और रिमझिम वर्षा के माध्यम से अपनी प्रसन्नता व्यक्त कर रही है। उन्होंने कहा कि ‘आजादी का यह ताज बड़े तप से भारत ने पाया है, इसके लिए देश ने अनेक वीरों को खोया है।’ आज हम स्वतंत्र देश की खुली हवा में सांस ले रहे हैं, इसलिए इस स्वतंत्रता के महत्व को समझना और राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों का निर्वहन करना आवश्यक है। महावीर जैन, नकुल पाटोदी, पवन जैन पूर्व पार्षद, जयदीप जैन, पंकज जैन, इंद्रकुमार- वीणा सेठी, जैनेश झांझरी, सुरेन्द्र जैन बाकलीवाल, वीरेन्द्र बड़जात्या, डी.के. जैन, जितेन्द्र जैन, नीलेश सेठी, संदीप पहाड़िया, सुनील गोधा, पवन पाटोदी, दीपक पाटनी, मनोज काला, अशोक बड़जात्या, मनीष-सपना गोधा मौजूद थे।
यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 16 अगस्त 2026 के अंक में पृष्ठ 7 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें






