इंदौर। मध्यप्रदेश लोकसेवा आयोग की एडीपीओ भर्ती परीक्षा का परिणाम घोषित होगा या नहीं, इस पर असमंजस रहेगा। क्योंकि ओबीसी आरक्षण मामले पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई जारी है। वहां से कोई निर्देश नहीं मिले है। वैसे भी इसका मूल्यांकन ही 15 दिसंबर तक तो चलेगा। इसके बाद भी परिणाम पर असमंजस की संभावना है। यह पीएससी की सबसे अहम परीक्षाओं में से एक है।
कब हुई परीक्षा, क्यों रही चर्चा? – यह एग्जाम 1 नवंबर को दोपहर 12 से 3 बजे तक आयोजित की गई थी। 107 पदों के लिए हुई परीक्षा के लिए 32 हजार अभ्यर्थियों ने आवेदन किए थे। लेकिन परीक्षा देने सिर्फ 58 फीसदी पहुंचे। इसी की चर्चा ज्यादा रही। 42 प्रतिशत अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे थे। परीक्षा की वैकेंसी 11 साल में सिर्फ दूसरी बार दी गई थी। परीक्षा में इस बार नेगेटिव मार्किंग भी थी। पेपर भी तुलनात्मक रूप से कठिन था। ऐसे में अभ्यर्थियों को कम उपस्थिति से राहत तो मिली है, लेकिन कठिन पेपर की वजह से एवरेज अभ्यर्थियों की राह मुश्किल हो गई है। शिक्षाविद् डॉ. अनिल मिश्र कहते हैं कि परीक्षा में निगेटिव मार्किंग का असर सबसे ज्यादा दिखेगा। कुल मिलाकर पेपर सामान्य से कठिन रहा।
चार जिलों में परीक्षा, फिर भी ये हाल- परीक्षा के लिए
इंदौर, भोपाल, जबलपुर व ग्वालियर में सेंटर बनाए गए थे। इंदौर में सबसे कम 50 फीसदी उपस्थिति रही थी। राज्य सेवा, स्टेट इंजीनियरिंग व असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती के बाद इसी परीक्षा को सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है। लगातार डिमांड व मांग पत्र के बाद भी पीएससी ने एडीपीओ की वैकेंसी 2015 के बाद जून 2021 में निकाली थी। पांच साल पहले कुल 256 पद दिए गए थे, लेकिन इस बार सिर्फ 107 पद दिए गए। 2021 में एडीपीओ की वैकेंसी आई थी, लेकिन उसकी चयन सूची दो साल लेट आई थी। मई-जून 2022 तक परीक्षा व रिजल्ट के साथ इंटरव्यू भी हो जाना थे, लेकिन एग्जाम ही लगभग एक साल देरी से 18 दिसंबर 2022 को हुई थी। 4 जनवरी 2023 को परिणाम जारी किया गया। इंटरव्यू एक साल बाद 2024 में हुए थे, फिर चयन सूची में अतिरिक्त समय लगा।
अभी नए पद जुड़ेंगे या नई वैकेंसी आएगी- पीएससी
पिछले एक साल से लगभग हर तीसरी परीक्षा में पदों की संख्या बढ़ा रहा है। एडीपीओ की इस परीक्षा की वैकेंसी के समय 17 ही पद थे, फिर बढ़ाकर 107 हुए। अब रिजल्ट से पहले कुछ और पद बढ़ाए जा सकते हैं। 2021 में भी जो वैकेंसी जारी हुई थी, तब शुरुआत में 92 ही पद रखे थे। उसके बाद पदों की संख्या बढ़ाकर 148 की गई थी।
यह खबर सिटी ब्लास्ट अख़बार के 8 November 2026 के अंक में पृष्ठ 7 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें




