शनिवार शाम को शहर के राजनगर में बेकाबू हाथी ने एक आटो चालक को कुचल दिया जिससे उसकी मौत हो गई। हाथी उज्जैन से इन्दौर लाया गया था। मृतक के परिजनों का कहना है कि हाथी को जुलूस के लिए बुलवाया गया था। वहीं पुलिस ने बताया कि जांच के बाद स्पष्ट होगा कि हाथी को इन्दौर क्यों और किसने बुलवाया था। राजनगर में रहने वाले आटो चालक विजय होलकर ने जैसे ही हाथी को गुड़ खिलाया वैसे ही वह बेकाबू हो गया और हाथी ने सूंड से विजय को पटक दिया और उस पर पैर रख दिया। इस मामले में विजय के भाई का कहना है कि हाथी को जैन समाज द्वारा रविवार को निकाले गए एक जुलूस में शामिल करने के लिए उज्जैन से इन्दौर लाया गया था। हालांकि फिलहाल चंदन नगर पुलिस ने इसकी पुष्टि नहीं की है। हाथी को जुलूस में या फिर किसी मांगलिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए लाया गया था। अगर हाथी जुलूस में शामिल होता और वहां बेकाबू हो जाता तो बड़ा हादसा हो सकत था। इस मामले में चिडियाघर प्रभारी उत्तम यादव ने कहा कि हाथी गुस्से में आकर इस प्रकार की हरकत करता है, गुस्से में वह महावत से भी काबू नहीं होता है। गनीमत रही कि जुलूस में हाथी शामिल नहीं हुआ अन्यथा गुस्से में गजराज बेकाबू होकर बड़ा हादसा कर सकता था।
यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 27 जुलाई 2026 के अंक में पृष्ठ 4 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें



