अस्पताल के डॉक्टरों को गुमराह करते हुए यह झूठी कहानी बताई कि निकिता का सड़क हादसा हुआ है। हालांकि, एमआईजी थाना पुलिस द्वारा की गई विस्तृत जांच और बयानों के आधार पर यह स्पष्ट हो गया कि निकिता ने आत्महत्या की थी और विकास ने ही उसे ऐसा करने के लिए प्रेरित किया था। पुलिस ने जांच के बाद आरोपी विकास गुर्जर के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने और झूठी जानकारी देकर तथ्य छिपाने की धाराओं में केस दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 8 अगस्त 2026 के अंक में पृष्ठ 12 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें



