इंदौर-देवास बायपास के शहरी क्षेत्र के 20 किोमीटर से ज्यादा ंबे हिस्से में नेशन हाईवे अथॉरिटी एनएचआई द्वारा 5 सा पहे सा 2021 में बायपास के शहरी क्षेत्र में रौशनी करने के िए पही बार सैकड़ो बिजी के पो पर हजारों एइडी ाइटिंग गाई गई थी। ेकिन बावजूद इसके हात यह है कि आज भी बाईपास के आधे से ज्यादा हिस्से में जिम्मेदार अफसरों की ापरवाही के चते बड़े हिस्से में मुख्य सड़क के साथ सर्विस रोड़ पर भी ंबे समय से अंधेरा फैा हुआ है।
जबकि पिछे पांच सा में बायपास के देवगुराड़िया, बिचौी मर्दाना, कनाडिया रोड, निपानिया सहित अन्य शहरी क्षेत्र में सैकड़ों की तादात में कई बड़ी टाउन शिप और काोनियों में हजारों परिवार बस गए। रोजाना बायपास से हजारों ोग गुजर रहें है। इधर जिम्मेदार अफसरों की अनदेखी और ापरवाही का खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। हात यह है कि राऊ बायपास चौराहे से ेकर देवासनाका तक के बड़े हिस्से में मेनरोड़ के साथ शहरी क्षेत्र की ज्यादातर सर्विस रोड़ पर भी आधी से ज्यादा एईडी ाइटिंग बंद होने से अंधेरा फैा हुआ है।
जबकि यहां बायपास की हात यह है कि यहां आए दिन बायपास के बड़े हिस्से में अंधेरे की वजह से कई छोटी-मोटी दुर्घटनाएं और गंभीर हादसे भी हो रहे है। इसके बावजूद जिम्मेदार है कि ंबे समय से यहां के मामे में ध्यान नहीं दे रहे है। जिसके कारण बायपास पर तेज रफ्तार दौड़ती अंधाधुंध बड़ी गाड़ियों की वजह आए दिन यहां अंधेरे की वजह से कई दुर्घटनाएं हो रही हैं। यही नहीं बीते साों में कई बड़े गंभीर हादसों में अब तक कई ोग अपनी जान गवा चुके हैं। उसके बावजूद जिम्मेदार अफसर इस मामे में ध्यान नहीं देकर गंभीर ापरवाही कर रहे है। जबकि बायपास के गभग 60 हिस्से में ज्यादातर जगह ाइटिंग बंदी पड़ी है। जिसमें मुख्य रूप से देवगुराडिया, बिचोी मर्दाना, कनाडिया रोड और निपानिया क्षेत्र जहां पिछे पांच सा से यहां के शहरी क्षेत्र में सैकड़ों बिजी के खंभों पर हजारों की संख्या में एईडी ाइटिंग गाई थी। ेकिन आज हात यह है कि अभी भी आधे से ज्यादा बायपास के हिस्से में अंधेरा पसरा है। जिसके कारण यहां रहने वो हजारों ोगों को आए दिन बायपास पर हादसे और दुर्घटना होने का अंदेशा बना रहता है। बताया जा रहा है कि यहां निगम और एनएचआई अफसरों के बीच मेंटेंनेस और रखरखाव की जिम्मेदारी को ेकर मामा उझा पड़ा है। जिसको ेकर कई बार पत्र व्यवहार और वरिष्ठ अफसरों के निर्देश भी हो गए फिर भी कोई भी जिम्मेदारी ेने को तैयार नहीं है जिसके कारण बड़े हिस्से या तो कनेक्शन नहीं हुए या खराबी के बाद सुधार नहीं हो पा रहा है जिसका खामियाजा आमजन भुगत रहा है।
यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 3 अगस्त 2026 के अंक में पृष्ठ 8 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें




