दिसंबर में भागीरथपुरा क्षेत्र में हुए दूषित जल हादसे के बाद इंदौर नगर निगम के द्वारा वहां पर पानी और ड्रेनेज की नई लाइन डालने का काम शुरू किया गया था जो कि अब जाकर पूरा हो गया है। भागीरथपुरा के जल हादसे में 36 लोगों की मौत हुई थी। इसके बाद से ही नगर निगम के द्वारा पूरे भागीरथ पुरा क्षेत्र में पानी और ड्रेनेज की नई लाइन डालने का काम शुरू किया गया था। यह कार्य वैसे तो 30 दिन के अंदर पूरा किया जाना था लेकिन काम को करने में विलंब हुआ। इस विलंब के चलते हुए अब जाकर यह काम पूरा हो सका है। निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल द्वारा आज सुबह भागीरथपुरा क्षेत्र अंतर्गत भट्टा बस्ती, कम्युनिटी हॉल, भागीरथपुरा मेन रोड, शासकीय विद्यालय तथा एमआर-4 क्षेत्र का निरीक्षण किया गया। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र में जलप्रदाय लाइन एवं सीवरेज लाइन से संबंधित कार्यों की स्थिति का अवलोकन किया तथा जलप्रदाय व्यवस्था के संबंध में अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की। क्षेत्रीय झोनल अधिकारी ने बताया कि जनप्रदाय एवं सीवरेज से संबंधित पाइपलाइन कार्यों का कार्य संपूर्ण क्षेत्र में पूर्ण हो चुका है। अब क्षेत्र में पर्याप्त मात्रा में जलप्रदाय हो रहा है। सिंघल ने नागरिकों को स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने के दृष्टिगत जलप्रदाय व्यवस्था में क्लोरीन परीक्षण की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से जल की गुणवत्ता की जांच एवं निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार क्लोरीन परीक्षण सुनिश्चित करने के संबंध में जानकारी प्राप्त की। साथ ही, क्षेत्रीय नागरिकों से संवाद कर जलप्रदाय व्यवस्था एवं अन्य नागरिक सुविधाओं के संबंध में उनके अनुभव और समस्याओं की जानकारी भी ली।
यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 15 अक्टूबर 2026 के अंक में पृष्ठ 4 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें




