इंदौर। बाणगंगा थाना क्षेत्र में साइबर ठगी का एक नया और अनोखा मामला सामने आया है। शातिर जालसाज ने एक व्यक्ति को बैंक खाते में रुपये जमा होने का फर्जी मैसेज भेजा और फिर पत्नी के अस्पताल में भर्ती होने का मनगढंत बहाना बनाकर 39,999 रुपये ऐंठ लिए। खाते की जांच करने पर जब कोई राशि प्राप्त नहीं हुई, तब पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, फरियादी मनु पिता हरिप्रसाद यादव निवासी ग्राम भांग्या ने साइबर धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई है। फरियादी ने पुलिस को बताया कि एक अज्ञात साइबर ठग ने उसके मोबाइल पर खाते में 40,000 रुपये जमा होने का एक झूठा मैसेज भेजा। इसके तुरंत बाद आरोपी ने फरियादी को फोन किया और झांसा दिया कि गलती से पैसे उसके खाते में ट्रांसफर हो गए हैं। ठग ने खुद को विपत्ति में बताते हुए कहा कि उसकी पत्नी अस्पताल में गंभीर हालत में भर्ती है और उसे रुपयों की तत्काल आवश्यकता है। झांसे में आकर फरियादी ने रुपये लौटाने पर सहमति जताई। इसके बाद आरोपी ने व्हाट्सऐप पर आठ अलग-अलग बैंक खातों के बारकोड भेजे, जिन पर फरियादी ने भरोसा करते हुए कुल 39,999 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद जब फरियादी ने अपने मुख्य बैंक खाते का बैलेंस चेक किया, तो उसमें कोई राशि जमा ही नहीं हुई थी। साइबर ठगी का शिकार होने पर पीड़ित ने तुरंत साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई। बाणगंगा थाना पुलिस ने मामला संज्ञान में लेकर अज्ञात साइबर ठग के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया है और संबंधित बैंक खातों व मोबाइल नंबरों के आधार पर जांच की जा रही है।
यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 24 अगस्त 2026 के अंक में पृष्ठ 9 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें




