सोमवार, 12 अक्टूबर 2026
इंदौर की ताज़ा खबरें – City Blast Indore Hindi News
ब्रेकिंग
इंदौर

साइन बोर्ड, गेंट्री बोर्ड पर निगम खर्च करेगा 1.16 करोड़ एचडीएफसी और इंडसइंड के म्यूल खातों से अंतरराज्यीय धोखाधड़ी, केस दर्ज

हजार के लालच में बेचे बैंक नामजद

नगर निगम द्वारा साइन बोर्ड, गेंट्री बोर्ड के निर्माण और मरम्मत के काम पर 1.16 करोड रुपए की राशि खर्च की जाएगी। निगम के द्वारा दो बार कोशिश किए जाने के

दो बार की कोशिश बाद भी इस काम को करने के लिए ठेकेदार नहीं मिल पाया के बाद भी नहीं

है। ऐसी स्थिति में अब नगर

मिला काम करने के निगम तीसरी बार कोशिश कर लिए ठेकेदार रहा है।

नगर निगम द्वारा अपने जोनल कार्यालय क्रमांक 1 से 11 तक के विभिन्न स्थानों, चौराहा, मुख्य मार्ग और सड़कों पर लगने वाले साइन बोर्ड, गेंट्री बोर्ड के निर्माण और आवश्यक रिपेयरिंग के कार्य पर 42 लाख रुपए खर्च किए जाएंगे। इसी तरह से यह कार्य जोन क्रमांक 12 से 22 तक में करने पर 74 लाख रुपए खर्च किए जाएंगे। इस प्रकार सभी जोनल कार्यालय में इस कार्य को करने पर नगर निगम के द्वारा 1.14 करोड रुपए की राशि खर्च की जाएगी। इस काम को करवाने के लिए नगर निगम के द्वारा दो बार टेंडर जारी कर कोशिश की जा चुकी है लेकिन कोई भी ठेकेदार इन कामों को करने के लिए आगे नहीं आया है। ऐसी स्थिति में अब नगर निगम की ओर से तीसरी बार कोशिश की जा रही है। निगम के उम्मीद है कि 22 सितंबर तक इस काम को करने के लिए कोई ना कोई ठेकेदार तो आगे आ ही जाएगा। इंदौर। देशभर में फैले ऑनलाइन साइबर अपराध के जाल को ध्वस्त करने के लिए इंदौर पुलिस ने अब तक की बड़ी और सख्त कार्रवाई की है। राज्य साइबर पुलिस मुख्यालय और केंद्रीय एजेंसी आई4सी से प्राप्त इनपुट के आधार पर सेंट्रल कोतवाली, एमजी रोड, संयोगितागंज और रावजी बाजार थाना क्षेत्रों में किराए के (म्यूल) बैंक खातों का उपयोग कर करोड़ों की वित्तीय धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के खिलाफ गंभीर धाराओं में प्रकरण दर्ज किए गए हैं।

पहला मामला सेंट्रल कोतवाली का है, जहां पुलिस ने जुवेर शाह और समीर हुसैन निवासी एमजी रोड के खिलाफ केस दर्ज किया है। महारानी रोड स्थित यूको बैंक के म्यूल खाते के खाताधारक जुवेर शाह ने मात्र 2,000 रुपये के लालच में अपना खाता समीर हुसैन और क्रिश को दे दिया था, जिसका इस्तेमाल जम्मू-कश्मीर और महाराष्ट्र में हुई ऑनलाइन ठगी की रकम मंगाने में किया गया। दूसरा मामला एमजी रोड थाने का है, जहां पुलिस ने आरोपी अभिषेक पुरी निवासी साउथ गाडरा खेड़ी पर धोखाधड़ी और आईटी एक्ट में केस दर्ज किया है। उसने अपने साथी 2 गए एचडीएफसी बैंक खाते में सोनू के साथ मिलकर कांच राजस्थान और उत्तर प्रदेश में मंदिर स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा हुई साइबर ठगी का रुपया का म्यूल खाता साइबर ठगों जमा कराया गया था। रावजी को दिया, जिसमें ओडिशा के खाते,यूपी, राजस्थान, बाजार थाना पुलिस ने आरोपी फरियादी से ठगे गए 50 केरल, कर्नाटक और विशाल सोनी निवासी हजार रुपये जमा कराए गए महाराष्ट्र तक जुड़े जयभवानी नगर के खिलाफ थे। संयोगितागंज पुलिस ने तार, कई आरोपी अपराध कायम किया है। साइबर ठगी के दो पृथक मामले आरोपी ने पलसीकर स्थित दर्ज किए हैं। पहले मामले में पुलिस इंडसइंड बैंक शाखा के म्यूल खाते ने आदित्य निवासी नट कॉलोनी, सिरपुर को अंतरराज्यीय साइबर ठगों को उपलब्ध मिथुन पवार और अंशुल पाटीदार को कराया था। जांच में पाया गया कि इस खाते आरोपी बनाया है। आदित्य ने अपने साथी का इस्तेमाल केरल, कर्नाटक और महाराष्ट्र मिथुन व अंशुल के साथ मिलकर अनाज जैसे राज्यों से जुड़ी साइबर धोखाधड़ी की मंडी स्थित एचडीएफसी बैंक शाखा के शिकायतों में हुआ है। पुलिस की प्राथमिक म्यूल खाते का उपयोग साइबर प्रॉड के जांच में स्पष्ट हुआ है कि आरोपियों ने लिए किया, जिसमें उत्तर प्रदेश से दर्ज योजनाबद्ध तरीके से आम लोगों की पहचान शिकायत के अनुसार 50 हजार रुपये की और इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों का दुरुपयोग कर ठगी की राशि ट्रांसफर हुई थी। वहीं दूसरे म्यूल खातों के जरिए इस बड़े अंतरराज्यीय मामले में संयोगितागंज पुलिस ने आदित्य वित्तीय अपराध को अंजाम दिया है। सभी के भाई राहुल निवासी नट कॉलोनी, मिथुन संबंधित थानों की पुलिस ने मामले दर्ज कर पवार और संदीप के खिलाफ केस दर्ज आगे की वैधानिक कार्रवाई और मुख्य किया है। आरोपी राहुल द्वारा उपलब्ध कराए सरगनाओं की तलाश शुरू कर दी है।

यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 5 सितम्बर 2026 के अंक में पृष्ठ 4 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें