अनंत चतुर्दशी चल समारोह की व्यवस्थाओं को लेकर कलेक्टर कार्यालय में कलेक्टर शिवम वर्मा ने झांकी एवं अखाड़ा संचालकों की बैठक आयोजित की गई। चल समारोह को व्यवस्थित, सुगम और निर्बाध रूप से संपन्न कराने के संबंध में विभिन्न महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में अनंत चतुर्दशी चल समारोह में समय की पाबंदी और अनुशासन, स्पीकर, डीजे के नियम पर भी चर्चा की गई। खासतौर से निर्धारित समय पर अखाडे मंच से आगे बढ़ते रहे। अधिकारी क्षितिज सिंघल, नवजीवन विजय पवार, रिंकेश वैश्य सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। अखाड़ों के उत्कृष्ट प्रदर्शन पर प्रमाण-पत्र के साथ मिलेगी नगद पुरस्कार राशि यह भी जानकारी दी गई। निर्णायक मंच के समक्ष निर्धारित समय से अधिक प्रदर्शन करने पर निगेटिव मार्किंग एवं अंक काटे जाने की व्यवस्था भी रहेगी। अखाडों के साथ निर्धारित संख्या में ही ठेला गाड़ी और अन्य वाहन रहेंगे। कहा गया कि प्रत्येक अखाडे के साथ अधिकतम एक बैलगाड़ी एवं एक ठेला गाड़ी से अधिक वाहन नहीं रहे। यदि असीमित संख्या में घोड़ा गाड़ी, ठेले निकलते है तो उन्हें रोका जायेगा। हाथी, ऊँट आदि को सम्मिलित करने की अनुमति नहीं दी जायेगी। अखाड़े किस झांकी से संबंधित है, इसकी जानकारी सहायक पुलिस आयुक्त द्वारा रखी जायेगी। निर्देश दिए गए कि अखाड़े के सदस्यों द्वारा अखाड़े का नाम अंकित की हुई बनियान, पौशाक, बैज उपलब्ध करवाये जाये, जिससे अखाड़े के सदस्यों को पहचाना जा सकें। अखाड़े के सदस्यों को नियंत्रित करने की जवाबदारी खलीफा / उस्ताद की रहेगी। अखाड़े में सम्मिलित व्यक्तियों द्वारा नशा या मद्यपान चल समारोह के दौरान नहीं किया जाये।
यह खबर सिटी ब्लास्ट ई-पेपर के 22 सितम्बर 2026 के अंक में पृष्ठ 8 पर प्रकाशित हुई है। पूरा ई-पेपर पढ़ें




